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Jita Yadav@jitayadav851Aawaz
तेरे इक मैसेज की उम्मीद में सारी रात जागता हूँ मैं, खामोश स्क्रीन को तकते हुए खुद से बातें करता हूँ मैं। तुझे खबर भी नहीं तेरी अधूरी सी बात के सहारे, आज भी हर रोज़ जीने का बहाना ढूंढता हूँ मैं।

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